Insurance jaruri hai ki nahi kya important hai india me

Insurance ka इतिहास और विकाश कैसे हुआ ! जीवन बीमा कैसे काम करता है ! और जीवन बीमा में क्या चीज़ सामिल है हमें इस की information होनी चाहिए Insurance jaruri hai ki nahi kya important hai india me ये हम जान चाहिए इस बारे में !

 

Insurance jaruri hai ki नहीं kya important hai india me

Insurance jaruri hai ki नहीं kya important hai india me 

Insurance एक  निति (contract) होता है! जिससे किसी व्यक्ति (person) या सस्था ( company) बीमा company भविष्या (future) होने वाले नुक्सान से बचती है ऐसी अनहोनी घटनाओं से जिन पर हमरा कोई control न हो

जैसे अचानक (suddenly) किसी की मृत्यु (death) का हो जाना उसके के बाद घर चलने या आपकी आपकी family के लिये आपने बिमा की वजह से कुछ पैसे छोड़ जाते जो की family को  पैसो से support करती है

या अचनाक किसी को बिमारी (या danger illness) हो जाना जिसके treatment आवश्यता है पर आपके पास पैसे (money) नहीं है

पर आपने health insurance करा रखा जिससे आपको इलाज़ (treatment) में आपकी help होगी!

जीवन बीमा इतिहास और विकास

बीमा busseness की सुरुआत LIOYD’S COFFEE HOUSE जो की LONDON में वह से हुई!

WORLD के पहली INSURANCE COMPANY की सुरुआत LONDON में (1706) को हुई थी!

India में पहली जीवन बीमा company ORIENTAL LIFE INSURANCE COMPANY LIMITED (1906) थी!  

INSURANCE POLICY का use भविष्या होने वाले नुकसान या RISK FACTORS जैसे FINANCIAL

LOSSES, PROPERTY या DAMAGE या को INJURY होने पर पैसे को पाने के लिये बीमा (insurance)

कराया जाता है!

कई types की insurance POLICY होती है कोई भी person या company बीमा के लिये तैयार हो सकती है!

जिसके लिये उन्हें कुछ पैसे का INVEST करने पड़ते है सबसे common PERSONAL insurance होता है ! जिसमे

LIFE (जीवन), health, घर या BUSINESS हो सकता है!

BUSINESS या person को विशेष प्रकार की बीमा POLICY की आवशकता हो सकती है!

जो की FUTURE में होने वाले नुकसांन या हानि के जोखिम को काम करती है!

बीमा कैसे काम करता है? 

बहुत ही SPECIFIC NEEDS या CONDITION जैसे KIDNAP या फिरोती, बीमारयो के TREATMENT के लिये HEALTH INSURANCE available है!

insurance policy को चुनते time ये समझना very important है insurance काम (work) कैसे करता है ?

imprtent : तीन मुख्या घटक (three curcial componet )

  1. premium: ( क़िस्त)

  एक policy का premium इसकी कीमत है, जिसे आमतौर monthly cost (महीने की लागत) या yearly cost (वर्षा की लागत ) के रूप में देख सकते है!

premium आपके business या आपके जोखिम (risk) प्रोफाइल के आधार पर बीमाकर्ता द्वारा निर्धारित किया जाता है! हालाकि विभिन्न बीमाकर्ता समान नीतियों के लिये अलग-अलग premium वसूल सकते है इसलिए आपको सही price पता लगने की आवश्कता पड़ती है!

  •  policy limit ( निति की सीमा)

policy सीमा (limit) और अधिकतम राशि maximum amount जो एक बीमाकर्ता एक कवर किये गए नुकसान के लिये policy तहत भुगतान करेगा! आधिकतम pay time  के हिसाब से किया जा सकता है!

maximums प्रति अवाधि (annual or policy term) चोट या जीवनकाल पर निर्धारित किया जा सकता है!

उच्च सीमाए या HIGH premium एक सामान्य जीवन बीमा policy के लिये बीमाकर्ता द्वारा  भुगतान की जाने वाली आधिकतम राशि DEPEND करती है!

की वो व्यक्ति आपने परिवार या Business में कही कुछ होने पर कितनी MONEY या रुपये आपनी FAMILY या आपने लिये चाहता है!

  • deductible ( कटौती योग्य)

एक SPECIFIC amount जिसे policy HOLDER को आपनी जेब से भुगतान करना होगा

,इसमें पहले की बीमाकर्ता कोई CLAIM अदा करे!deductible छोटे या बड़े CLAIMS निवारण करता है! ये DEPEND करता है policy के TYPES पर!

इन चीजों को समझने के बाद आप अच्छी policy को चुनते है या इन तीन के बारे आप को information  होने चाहिए

जिसे आप आपने के लिये best insurance policy को select कर सके!

जोखिम को समझे जीवन बीमा करने से पहले

जैसे आप एक बॉल pen का बीमा करने की नहीं सोचगे क्योकि इस की कीमत या लागत बहुत कम है !

अगर बॉल pen खो या टूट जाये तो उसमे जोखिम बहुत कम है!

हम आपने घर का बीमा नहीं कर सकते सकते क्योकि इसकी लागत या कीमत बहुत है

अगर बीमा करते तो कितनी पैसे खर्च करने पड़ सकते उस पर विचार कर के सोच समझ कर फैसला करे!

बीमा एक ऐसी घटना के प्रति सुरक्षा की बात कहता जो हो सकती है! अनहोनी घटना जिसमे नुक्सान होने की possibility हो!

जोखिम के बोझ दो हो सकते है!

1.नुकसान सामना करना जैसे दुकान या कारखाने में आग लग रही है! जोखिम का प्राथमिक (first) भार कह सकते है!

2. शारीरक या मानसिक तनाव! जोखिम का या माध्यमिक (second) कह सकते है!

  • जीवन बीमा में क्या शामिल है
  • संपति- किसी भी भौतिक या गैर भौतिक चीज़ जिस पैसो के रूप में मापा जा सकता है! संपति के रूप में जाना जाता है!
  • हर इन्सान का मूल्य (कीमत) है जिसे निर्धारित किया जा सकता है! उस मानव जीवन की कीमत (मूल्य ) जाता है! एचएलवी या मापने में मदद करता है पूर्ण सरक्षण के के लिये कितना बीमा होना चाहिए!
  • जोखिम- इंसान की life में आगे क्या हो जाये कुछ नहीं कहा जा सकता है जैसे बहुत जल्दी मरना(death), यहाँ बहुत लम्बी life जीना या विकलांगता के साथ रहना!
  1. क्षतिपूर्ति- जैसे कोई घटना में कुछ नुक्सान हो गया हो उस नुक्सान का अनुमान लगना इस नुक्सान के लिये मुआवजे का भुगतान करने के लिये क्षर्तिपूर्ति के रूप में जाना जाता है!
  2. स्तर premium – एक premium तय किया जाता है जो age के साथ बढता नहीं है एक ही level पर रहता है!
  3. जोखिम pooling के नियम- यहाँ बहुत लोगो इकटठा किया गया पैसे से premium एक ही पूल में एक जोखिम के इकट्ठा किया जाता है!
  4. अनुबध- बीमा (insurance) लेना एक अनुबंध में सामिल होना है! यहाँ अनुबंध insurance company और बीमाधारक (policy लेने वाला )के बीच होता है!

India में क्या important है insurance की

      दोस्तों हम road पर गाडी चलते है हम उस बीमा करते है क्योकि गाडी का एक मूल्य है India में सबसे common या सबसे ज्यादा बीमा वाहन का मिलता है!

TWO WHEELER या FOUR WHEELER करते है क्योकि ये कानून द्वारा आवश्यक (REQUIRED by LAW) है!

ROAD पर गाडी (वाहन) चलने के लिये आप के पास वहान insurance होना चाहिए! पर क्या हम आपना insurance करते है गाडी का एक मूल्य है पर human life की कोई वैल्यू नहीं है

  अगर road पर गाडी चला रहे और गाडी अगर टूट जाये या ख़राब हो जाये उस को आप उस काम टीक कर सकते है और अगर आपने गाडी का insurance करा रखा है तो आप company से claim भी ले सकते है!

insurance jaruri hai ki नहीं kya important hai india me
पर आपने लिये किया आप अगर आप कुछ हो जाये तो आप family को कुछ मिल सकता है आपने आपने लिये कोई बीमा लिया है

आपने बच्चो का future secure और family का future secure करने आपने बीमा लिया! 

India में लोग बहुत लोग तो बीमा का नाम सुना ही नहीं चाहते है कुछ समझदार लोग बीमा करते और बीमा adviser की बातो को ध्यान से सुनते है!

क्या आपको लगता India में लोगो को insurance की जरुरत नहीं है!

Insurance jaruri hai ki नहीं kya important hai india me मेरी ये post आपको अच्छी लगी हो आगे share जरुर करे!

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