Leucorrhoea symptoms and treatment Hindi me

Leucorrhoea symptoms and treatment hindi me ये leucorrhoea क्या है ? और इस के symptoms क्या होते है treatment कैसे किया जाता है hindi में बताने की कोशिश की है!

Leucorrhoea एक  ऐसी medical condition जिसमे में महिलाओ की योनी (vagina) से गाढ़ा सफ़ेद (white) या पीले रंग  का स्त्राव (liquid) होता है

कभी-कभी ये यह तरल (liquid) के रूप में बहता है और कुछ time यह चिपचिपा और मोटा होता है!

महिलाओ के उम्र (age) के अनुसार changing आ जाती है कुछ हद तक योनी से तरल (liquid) का निकलना सामान्य (normal) और स्वस्थ (healthy) होता है!

क्योंकि वे प्रजनन अंगो की मृत (dead) कोशिकाओ और अन्य विषैल जीवाणु को बाहर निकल देती है! आमतौर पर स्वस्थ महिलाओ में discharge का रंग सफ़ेद होता है!

abnormal योनी तरल पीला, लाल, और काला या ग्रे-सफ़ेद भूरा या जंग जैसे रंग और खुजली है, ये एक गंभीर स्थिति (situation) है जिसको इलाज (treatment) किया जाना चिहिये!  

ये मुख्य रूप से यौवन (young) के दौरान अनुभव  होता है जब महिला के यौन अंग विकसित (developing) हो रहे होते है ये girl और महिलाओ में आम problem बनती जा रही है! 25% से अधिक gynaec रोगियों के लिये स्त्रीरोग विशेषज्ञ के पास जाती है!

Leucorrhoea main symptoms ये है!(Leucorrhoea symptoms and treatment Hindi)

बिमारी का मुख्य symptoms बहुत अधिक मात्रा में योनि ( vagina) से तरल (liquid) का बहना है जांघो की माशपेशियो में दर्द होना या योनि के आस-पास जलन का होना, तरल जो बह निकलता है वो सफ़ेद रंग, पीला, लाल, और कालापन लिये हो सकता है

bed स्मेलिंग आ सकती और खुजली हो सकती है!  योनि(vagina) से अत्यधिक discharge होने के साथ बिमारी के अन्य जुड़े symptoms भी हो सकते है! जैसे साँस की तकलीफ, सिरदर्द, गंजापन, पेट में दर्द, मासिक धर्म में दर्द का होना, निचले पेट में भारीपन का होना !

Leucorrhoea problem का रूप लेना!

महिला में समय-समय पर योनि (vagina) से तरल (liquid) निकलता है जो की normal है!  जो की रासानिक संतुलन और योनि (vagina) मांशपेशियो को बानए रखने के लिये लचीलेपन और रक्षात्मक प्रणाली के रूप में काम करती है!

इसे “physiological” कहा जाता है, इस कारण से की ऑस्ट्रोन का level बढ़ने पर योंनि(vagina) तरल (liquid) निकलता है जब ये तरल पतला और बिना गंध के और  कम मात्रा निकलता है तो ये normal है इसके बारे चिंतित होने की जरुरत नहीं है!

यादि discharge (liquid का बाहर निकलना ) सामान्य से ज्यादा निकलना रहा हो! “ल्यूकोरिया” के साथ सफ़ेद या पीले रंग का गाढ़ा तरल बन जाता है! तो इसे संक्रमण या cancer संकेत कहा जाता है!

discharge time में योनि या गर्भाशय ग्रीवा के भीतर सुजन या संक्रमण के कारण होता है! इसका प्रमुख कारण विशेष रूप से एस्ट्रोजन का हार्मोनल असन्तुलन है! यह महिलाओ के विभिन्न शारीरिक कार्यो को भी नियंत्रित(cantrol) करता है! एस्ट्रोजन असंतुलन से महिला में बाँझपन भी हो सकता है!

sexual problem women treatment

 अन्य कारण भी हो सकते है ल्यूकोरिया होने के जैसे

  • किसी becteria ( जवाणु ) से संक्रमण (infaction)
  • छोटी age में गर्भवस्था और मूत्र पथ से संक्रमण (infaction) का प्रसार या गर्भाशय की चोटों की सुजन,
  • गर्भाशय ग्रीवा एलर्जी होना
  • स्वच्छता की कमी
  • महिलाओ द्वारा use किये जाने गर्भ निरोधको विशेष रूप मासिक धर्म के दौरान
  • मधुमेह (daibeties)  और अनीमिया
  • कमजोर प्रतिरक्षा के कारण संक्रमण कर सकते है!
  • मानसिक चिंता और यौन कुंठा (sexual frustration )
  • गन्दा शौचलय भी ल्यूकोरिया का कारण बन सकता है विशेष रूप से सार्वजानिक शौचालय सम्बंधित उपकरणों के सामान्य use करने से भी ल्यूकोरिया का खतरा बढ सकता है!
  • आहार में पोषक तत्वों की कमी
  • तनाव या अवसाद कुछ स्तर में मनोवेज्ञानिक करक भी हो सकते है ! अधिक दवाब या अवसाद से बिमारी हो सकती है!

Leucorrhoea (ल्योकोरिया) का treatment (Leucorrhoea symptoms and treatment Hindi)

स्वच्छता (सफाई का) का ध्यान रखे! प्रजनन अंगो की सफाई बहुत importent है हर स्नान के दौरान सावधानी से धोए और स्नान के बाद जननांगो में नमी को बनाये न रखे!

आपने कपड़ो को अच्छी तरह से साफ़ कर साथ दुसरे महिलाओ के कपड़ो के सपर्क में न आने दे! क्युकी एक महिला की बिमारी दूसरी को न लगे!

शारीरिक संबंध बनाने से पहले ये सुनिश्चित कर ले कोई संक्रमण या रोग न हो और reletion बनाने के बाद आपने अंग को साफ़ रखने की आदत डालनी है इस आप कई प्रकार की बिमारी को दूर रख सकते है!

Daily routine ko healthy रखे ये भी ल्योकोरिया का treatment में है

morning walk को आपनी daily routine में सामिल करे जिससे body stress free होगी और immune system strong होगा जो की रोग को लड़ने के लिये जरुरी है जिससे आपको बिमारी न हो!

शारीरिक संबंध बनाने से पहले ये सुनिश्चित कर ले कोई संक्रमण या रोग न हो और reletion बनाने के बाद आपने अंग को साफ़ रखने की आदत डालनी है इस आप कई प्रकार की बिमारी को दूर रख सकते है!

जननांग area में अनावश्यक रूप से powder या perfumes जैसे किसी भी cosmetic product को use न करे!

मशरूम को आहार में लेने से बचना चाहिए क्योकि ये स्वय फफूद लगते है!

दही को आपने खाना में सामिल करे, क्योकि यह न केवल भोजन के पाचन करने में आसन बनाने के साथ- ही इस में लेक्टिक एसिड भी होता है जो discharge को कम कर सकता है!

एक या दो रोज़ केले खाए!

खूब सारा पानी पिए! जो की body से विषाक्त पदार्थो को बाहर निकलता है!

कच्चा  नारियल  और भुने हुए चाने खाने चाहिए!

गर्म और मसलेदार खाना कम से कम करे!

सभी चीनी product को कम use करे जैसे पेस्ट्री, आइसक्रीम, कस्टर्ड, मिठाई, बचना चाहिए!

note: कोई भी medicine डॉक्टर की सलाह से ही ले आपने आप से कोई medicine न ले! क्योकि हो सकता है जो आपको problem लगे वो normal हो इसलिए सबसे डॉक्टर से बात करे आपनी problem को लेकर !

दोस्तों अगर मेरी पोस्ट Leucorrhoea symptoms and treatment Hindi आपको अच्छी लगी हो तो आगे जरुर share करे !

References

https:// www.naturalremedies.org/leucorrhoea/

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